दुबई-तेल अवीव फ्लाइट में हाईजैक की कोशिश के बीच यात्रियों ने हमलावर को दबोचा; भारतीय पायलट स्मित मछार की बहादुरी की भी दुनियाभर में चर्चा

दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट में कथित हाईजैक की कोशिश के बाद कई अहम जानकारियां सामने आ रही हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि विमान में सवार एक इजराइली प्लंबर ने हमलावर को सीट से खींचकर नीचे गिराया और बाद में विमान को क्रैश होने से बचाने में भूमिका निभाई। हालांकि, ट्रंप ने खुद कहा कि उन्होंने यह कहानी सुनी है और उन्हें इसकी पूरी पुष्टि नहीं है।

ट्रंप के मुताबिक, प्लंबर ने इससे पहले कभी विमान नहीं उड़ाया था। हमलावर को काबू करने के बाद उसने विमान का नियंत्रण संभालने में मदद की। इसके बाद अन्य यात्रियों ने भी हमलावर को पकड़ लिया। ट्रंप ने बताया कि विमान में करीब 180 यात्री सवार थे और सभी को सुरक्षित इजराइल पहुंचाया गया।

भारतीय पायलट स्मित मछार भी रहे अहम कड़ी

इस घटना में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार की भूमिका भी सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक, हमले में घायल होने के बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोला, जिससे यात्रियों और क्रू को हमलावर को काबू करने में मदद मिली। घटना के बाद उनकी बहादुरी की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और डोनाल्ड ट्रंप ने प्रशंसा की।

हमलावर को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। हालांकि, घटना से जुड़े अलग-अलग दावों और विवरणों की आधिकारिक पुष्टि अलग-अलग स्तर पर होनी बाकी है। इसी वजह से विमान को नियंत्रित करने वाले प्लंबर की भूमिका से जुड़ी ट्रंप की बात को फिलहाल उनके कथन के रूप में ही देखा जाना चाहिए।