आयुर्वेद केवल रोग के उपचार तक सीमित नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली पर भी जोर देता है। वाराणसी के डॉ. महेश कुमार सिंह ने विशेष बातचीत में आयुर्वेदिक इलाज, लिवर-किडनी स्वास्थ्य, खानप...
मोबाइल की बढ़ती लत नींद, आंखों, गर्दन-पीठ, मानसिक एकाग्रता और पारिवारिक रिश्तों को प्रभावित कर रही है। जमुना सेवा सदन वाराणसी के डॉ. अश्वनी टंडन ने विशेष इंटरव्यू में स्क्रीन टा...
कमर, गर्दन और जोड़ों का दर्द अब युवाओं को भी तेजी से प्रभावित कर रहा है। डॉ. सत्यम जायसवाल ने विशेष इंटरव्यू में स्लिप डिस्क, कमर दर्द के कारण, शुरुआती संकेत, बचाव और उपचार के व...
वरिष्ठ पल्मोनोलॉजिस्ट डॉ. विकास जायसवाल ने बताया—लगातार खांसी, सीने में दर्द, सांस फूलना और बलगम में खून जैसे लक्षणों को न करें नजरअंदाज; धूम्रपान के साथ प्रदूषण और हानिकारक रसा...
डॉ. इंद्रेश दीक्षित ने बताया क्यों ‘साइलेंट’ फैटी लिवर को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी; संतुलित खानपान, नियमित व्यायाम और नशे से दूरी ही बचाव की मजबूत ढाल है। संतुलित भोजन, नि...
वाराणसी का नीरकमल हॉस्पिटल आधुनिक सुविधाओं, अनुभवी डॉक्टरों और पारदर्शी उपचार व्यवस्था के साथ मरीजों को सस्ती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहा है।
बारिश की फुहारें जितनी सुकून देती हैं, उतनी ही खामोशी से अनेक बीमारियों को भी अपने साथ लेकर आती हैं। मौसम बदलते ही अस्पतालों की ओपीडी में वायरल फीवर, सर्दी-जुकाम, खांसी, डेंगू, ...
बदलते मौसम के साथ बदलती बीमारियां भी आज समाज के सामने बड़ी चुनौती बनती जा रही हैं। खासकर बरसात का मौसम संक्रमण, वायरल बुखार, डेंगू, मलेरिया, एलर्जी और सांस संबंधी बीमारियों का ख...
'लेज़ी आई' जैसी साइलेंट बीमारी हमेशा के लिए बच्चों की रोशनी छीन सकती है। काशी नेत्रालय की डॉ. करिश्मा अग्रवाल ने बताए समय पर पहचान और उपचार के अहम सूत्र, जानकारी के लिए पढ़े खबर...