नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। शनिवार देर रात दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम के कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ हुई बारिश ने मौसम को सुहावना बना दिया। बारिश और ठंडी हवाओं के चलते सुबह और शाम के समय गुलाबी ठंड का अहसास बढ़ गया है। वहीं, मौसम में आए इस बदलाव से दिल्ली-एनसीआर के लोगों को वायु प्रदूषण से भी राहत मिलने की उम्मीद है।

मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, अक्टूबर के अंतिम दिनों और नवंबर की शुरुआत में पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम में एक बार फिर बदलाव देखने को मिल सकता है। इसके प्रभाव से दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा के कई इलाकों में बादल छाने, तेज हवाएं चलने और गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।

बारिश और तेज हवाओं से प्रदूषण पर लग सकती है लगाम

दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से वायु गुणवत्ता खराब बनी हुई थी। प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के पहले चरण के तहत प्रतिबंध लागू किए गए थे।

हालांकि, शनिवार शाम से तेज हवाएं चलने के बाद वायु गुणवत्ता में सुधार के संकेत मिले। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 191 दर्ज किया गया, जो मध्यम श्रेणी में आता है।

शनिवार देर रात हुई बारिश और तेज हवाओं से वातावरण में मौजूद प्रदूषक कणों को कम करने में मदद मिल सकती है। इससे आने वाले दिनों में प्रदूषण के स्तर में राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि, हवा की गुणवत्ता मौसम की परिस्थितियों और प्रदूषण के स्थानीय स्रोतों पर भी निर्भर करेगी।

पश्चिमी विक्षोभ के कारण बदला मौसम

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तरी पाकिस्तान और आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उत्तर-पश्चिम भारत के मौसम में बदलाव आया है। इसके साथ पश्चिमी राजस्थान और हरियाणा के कुछ हिस्सों में चक्रवाती परिसंचरण बनने से बारिश और तेज हवाओं के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनीं।

इसी मौसमी गतिविधि के चलते हरियाणा के महेंद्रगढ़ और झज्जर सहित कुछ इलाकों तथा राजस्थान के चूरू और अलवर में तेज बारिश और ओलावृष्टि की खबरें सामने आईं। इसका असर दिल्ली-एनसीआर के मौसम पर भी देखने को मिला।

तापमान में गिरावट, सुबह-शाम बढ़ी ठंड

बारिश और ठंडी हवाओं के कारण दिल्ली-एनसीआर के तापमान में गिरावट का अहसास हो रहा है। सुबह और शाम के समय मौसम सुहावना होने के साथ हल्की ठंड महसूस की जा रही है।

मौसम में इस बदलाव के चलते लोगों को गर्मी से राहत मिली है और सर्दियों की शुरुआत के संकेत भी मिलने लगे हैं। आने वाले दिनों में तापमान में होने वाले उतार-चढ़ाव के कारण सुबह-शाम ठंड का असर और बढ़ सकता है।

नवंबर के पहले सप्ताह में फिर हो सकती है बारिश

मौसम विशेषज्ञों के पूर्वानुमान के मुताबिक, नवंबर के पहले सप्ताह में एक नया मौसमी सिस्टम सक्रिय होने पर दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा के कुछ हिस्सों में दोबारा बादल छाने और गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना बन सकती है।

यदि बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रहता है, तो इससे तापमान में गिरावट के साथ प्रदूषण से भी अस्थायी राहत मिल सकती है।

फिलहाल, दिल्ली-एनसीआर में बदले मौसम ने गुलाबी ठंड का अहसास बढ़ा दिया है। आने वाले दिनों में मौसम की गतिविधियों और हवा की गुणवत्ता पर लोगों की नजर बनी रहेगी।