समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर, कार्यक्रम और नई योजनाएं, आगामी महीनों में भारत इनोवेशन कॉन्क्लेव और यू.पी.ई. सीड्स जैसे बड़े कार्यक्रम, डॉ. अपर्णा सिंह

वाराणसी। पूर्वांचल के युवाओं, नवप्रवर्तकों और स्टार्टअप चाहने वालों के लिए बड़ी खुशखबरी है। अशोका फाउंडेशन फॉर इन्क्यूबेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप (AFIE) को अटल इन्क्यूबेशन सेंटर–महामना फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप (AIC–MFIE), प्रबंधन शास्त्र संस्थान, काशी हिन्दू विश्वविद्यालय का सैटेलाइट सेंटर बनाया गया है। गुरुवार, 16 जुलाई 2026 को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में दोनों संस्थानों के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। एआईसी-एमएफआईई के निदेशक प्रो. (डॉ.) पी. वी. राजीव और अशोका फाउंडेशन के मुख्य प्रबंध निदेशक इंजी. अंकित मौर्य ने समझौते पर दस्तखत किए।

इस साझेदारी के तहत सारनाथ स्थित अशोका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट में अब पूर्वांचल के विद्यार्थियों, शोधार्थियों और उद्यमियों को इन्क्यूबेशन, विशेषज्ञ मार्गदर्शन, उद्योग संपर्क, निवेशक संवाद और व्यवसाय विकास की सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इससे युवाओं को बड़े शहरों की ओर पलायन करने की जरूरत कम होगी और स्थानीय स्तर पर ही नवाचार व उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा। प्रो. पी. वी. राजीव ने कहा कि विश्वविद्यालयों का दायित्व शिक्षा तक सीमित नहीं, बल्कि युवाओं के विचारों को सफल उद्यम में बदलने का भी है। इंजी. अंकित मौर्य ने जोर दिया कि यह सहयोग युवाओं को रोजगार देने वाले उद्यमी बनाने की दिशा में मजबूत कदम है।

डॉ. अपर्णा सिंह ने बताया कि आगामी महीनों में भारत इनोवेशन कॉन्क्लेव और यू.पी.ई. सीड्स जैसे बड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। साथ ही युवाओं, महिलाओं और कार्यरत पेशेवरों के लिए 15 दिवसीय उद्योग आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किए गए हैं,