चंदौली जनपद की चकिया पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम ने शनिवार तड़के अंतरजनपदीय मवेशी चोर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए बड़ी कार्रवाई की। भभौरा नाका क्षेत्र में भैंस चोरी कर भाग रहे बदमाशों की घेराबंदी के दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें एक बदमाश के पैर में गोली लगी। पुलिस ने मौके से कुल पांच शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि अन्य फरार आरोपितों की तलाश जारी है।



पुलिस के अनुसार, शनिवार सुबह करीब चार बजे डायल-112 और कंट्रोल रूम के माध्यम से सूचना मिली कि ग्राम बमहोरा के पास सड़क किनारे बंधी भैंसों को नीले रंग की मैजिक पिकअप से आए बदमाश चुराने का प्रयास कर रहे हैं। ग्रामीणों के जाग जाने और शोर मचाने पर आरोपी वाहन लेकर गरला की ओर भाग निकले। सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष अर्जुन सिंह और एसओजी प्रभारी रामजनम यादव अपनी टीम के साथ सक्रिय हुए तथा लतीफशाह पहाड़ी मार्ग पर घेराबंदी कर मैजिक वाहन को रोक लिया।

वाहन रुकते ही बदमाश भागने लगे। पुलिस ने चार आरोपितों को तत्काल दबोच लिया। इसी दौरान एक बदमाश ने अवैध तमंचे से पुलिस पर फायरिंग कर दी। आत्मसमर्पण की चेतावनी के बावजूद दोबारा फायरिंग करने पर पुलिस की जवाबी कार्रवाई में करन सिंह चौहान के दाहिने पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में संयुक्त जिला चिकित्सालय चकिया भेजा गया।

गिरफ्तार आरोपितों में करन सिंह चौहान, शशि चौहान, प्रताप चौहान, बल्लू चौहान तथा मैजिक चालक अली हुसैन शामिल हैं। पुलिस ने उनके कब्जे से एक अवैध तमंचा, एक जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस, घटना में प्रयुक्त मैजिक पिकअप और चोरी के मवेशियों की बिक्री से बचे ₹2,500 नकद बरामद किए हैं।

पूछताछ में आरोपितों ने स्वीकार किया कि वे संगठित गिरोह बनाकर रात में ग्रामीण क्षेत्रों से भैंस और पड़िया चोरी करते थे तथा उन्हें वाराणसी के कज्जाकपुरा और दुल्हीपुर में बेच देते थे। गिरोह ने इलिया, शहाबगंज और चकिया थाना क्षेत्रों में दर्ज कई मवेशी चोरी की घटनाओं में अपनी संलिप्तता भी स्वीकार की है।

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपितों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मैजिक वाहन को सीज कर दिया है। फरार बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।