वाराणसी। प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र काशी से देश के उन बच्चों के भविष्य के लिए जोरदार हुंकार उठी है, जो पैसे के अभाव में शिक्षा से दूर होते जा रहे हैं। महंगी शिक्षा के विरुद्ध “एक देश, एक बोर्ड, एक फीस, एक पाठ्यक्रम” लागू करने की मांग को लेकर केसरिया भारत द्वारा हर विधानसभा में चलाए जा रहे छात्र-अभिभावक संवाद अभियान का छठा संवाद रविवार को शिवपुर विधानसभा के कार्यकर्ताओं के साथ अकथा स्थित उषा गेस्ट हाउस में सम्पन्न हुआ। केसरिया भारत के प्रमुख संयोजक कृष्णानंद पांडेय ने कहा कि शिक्षा सेवा का माध्यम है, व्यापार का नहीं। देश में अलग-अलग बोर्ड, फीस और पाठ्यक्रम होने से छात्रों एवं अभिभावकों पर न सिर्फ अनावश्यक आर्थिक और मानसिक बोझ पड़ रहा है, बल्कि यह व्यवस्था समाज की अनेक समस्याओं की जननी भी बन गई है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि सस्ती एवं संस्कारयुक्त समान शिक्षा व्यवस्था ही सभी बच्चों को समान अवसर प्रदान कर सकती है और यही वास्तविक सामाजिक न्याय का आधार है।

प्रदेश अध्यक्ष गौरीश सिंह ने शिक्षा के बढ़ते व्यवसायीकरण पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि इससे लाखों परिवार आर्थिक संकट में फंस चुके हैं। उन्होंने सरकार से अपील की कि पूरे देश में एक समान बोर्ड, एक समान फीस और एक समान पाठ्यक्रम लागू कर शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता एवं समानता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि केसरिया भारत इस जनहित के मुद्दे पर लगातार जनजागरण अभियान चलाता रहेगा। बैठक को संबोधित करते हुए डॉ. चंद्रदेव पटेल ने कहा कि समान शिक्षा नीति समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। इससे ग्रामीण तथा गरीब छात्रों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का समान अवसर मिल सकेगा। राकेश त्रिपाठी ने शिक्षा पर बढ़ते आर्थिक बोझ को समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय बताते हुए सरकार से प्रभावी हस्तक्षेप की मांग की। जिलाध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में समानता आने से छात्रों में भेदभाव समाप्त होगा और देश की प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का समान अवसर मिलेगा।

गोस्वामी तुलसी दास विचार परिषद के प्रदेश अध्यक्ष विशाल दुबे ने केसरिया भारत के इस अभियान को जनहित से जुड़ा बताते हुए कहां कि समाज के हर वर्ग के लोग इस मुहीम मे अपना योगदान दे जिससे आने वाले कल मे हर बच्चा अपने हक का शिक्षा प्राप्त कर सके। जनपद ही नहीं पुरे देशवासिओ से अपील है कि इस मांग को मजबूत करने के लिए हर कोई इस मुहीम मे अपना योगदान अवश्य दे। बैठक में संगठन के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि आने वाले दिनों में इस अभियान को गांव-गांव और शहर-शहर तक पहुंचाया जाएगा। कार्यक्रम का आयोजन डॉ. अभिषेक मिश्र ने किया। अध्यक्षता उपेंद्र सिंह ने की, समापन के दौरान सामूहिक श्री हनुमान चालीसा पाठ के साथ हुआ। कार्यक्रम में विपिन पाण्डेय, रामबली पटेल, राजन मिश्र, सोनू गौड़, नितेश मिश्र, दिलीप सिंह, जीतेन्द्र पांडेय बबलू, अरुण दुबे, नरेंद्र मौर्य, शैलेंद्र मिश्र, मार्कण्डेय त्रिपाठी, शैलेन्द्र पाण्डेय सहित सैकड़ों कार्यकर्ताओ के साथ स्थानीय लोग कदम से कदम मिला कर उपस्थित रहे।